14 साल बाद अजब संयोग, भारत से गहरा कनेक्शन, फिल्म में रोमांस से बचने के लिए खाते हैं लहसुन
Updated on
16-03-2026 03:40 PM
98वें एकेडमी अवॉर्ड्स समारोह में लॉस एंजेलिस के प्रतिष्ठित डॉल्बी थिएटर में दुनिया भर के कलाकारों की मेहनत और प्रतिभा को सम्मानित किया गया। इस समारोह में 16 नॉमिनेशंस के साथ आगे चल चल रही 'सिनर्स' 13 नॉमिनेशंस के साथ दूसरे नंबर पर 'वन बैटल आफ्टर अनदर' से पीछे रह गई है। वहीं इस बार ऑस्कर्स में कुछ नई चीजें भी हुईं। इस साल 2026 में 14 साल में पहली बार टाई हुआ है और इसका एक मजेदार भारतीय कनेक्शन भी है। आइए जानते हैं, भारत से इस टाई का क्या है कनेक्शन।
यहां बता दें कि ऑस्कर्स 2026 में डायरेक्टर नीरज घायवान की फिल्म ' होमबाउंड ' (2025) बेस्ट अंतर्राष्ट्रीय फीचर फिल्म कैटिगरी में टॉप पांच में जगह बनाने में असफल रही। वहीं भारतीय-अमेरिकी फिल्म प्रड्यूसर गीता गांधबीर भी अवॉर्ड लिस्ट से बाहर हो गईं, जिन्हें बेस्ड डॉक्यूमेंट्री फीचर फिल्म (द परफेक्ट नेबर) और बेस्ट डॉक्यूमेंट्री शॉर्ट फिल्म (द डेविल इज बिजी) के लिए नॉमिनेट किया गया था। अब बात करते हैं अवॉर्ड जीतने वाली ' टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा ' की जिसका कहीं न कहीं भारत से गहरा संबंध है।
एलेक्जेंडर सिंह और नताली मुस्तियाता के डायरेक्शन में बनी 'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा'
हॉलीवुड के सबसे बड़े इवेंट में एलेक्जेंडर सिंह और नताली मुस्तियाता के डायरेक्शन में बनी 'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा' ने बेस्ट लाइव एक्शन शॉर्ट फिल्म कैटिगरी में 'द सिंगर्स' के साथ ऑस्कर शेयर किया है। 36 मिनट की 'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा' की कहानी मुस्तियाता ने लिखी है।'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा' सोशल मीडिया पर 'द न्यू यॉर्कर' के यूट्यूब चैनल पर स्ट्रीमिंग के लिए मौजूद है। बताते चलें कि इस शॉर्ट फिल्म का वर्ल्ड प्रीमियर 2024 में टेलुराइड फिल्म महोत्सव में हुआ था।
क्या है 'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा' की कहानी
'टू पीपल एक्सचेंजिंग सलाइवा' एक ब्लैक एंड वाइट फिल्म है, जो एक भयावह दुनिया की कहानी है। ये फिल्म अपनी अजीबोगरीब लव-स्टोरी और अनोखी दुनिया की कहानी बयां करने के लिए पहचानी जाती है। यहां K**s के बदले मृत्युदंड तक की सजा है। लोग इससे बचने के लिए दांत साफ करने से तक से बचते हैं और इससे खुद को रोकने के लिए लहसुन का सेवन करते हैं। मैलेस एक यंग लड़की है जिसे हाल ही में एक बड़े डिपार्टमेंटल स्टोर में नौकरी मिली है। इस फिल्म में एंजीन नाम की एक दुखी महिला की कहानी है। एंजीन एक डिपार्टमेंटल स्टोर में बेवजह खरीदारी करती है। वहां, वो मैलेस सेल्सगर्ल के प्रति मोहित हो जाती हैं और जहां चूमना बैन है वहां दोनों एक-दूसरे के करीब आ जाते हैं। अगले नौ दिनों के दौरान, मैलेस और एंजिन एक-दूसरे के करीब आ जाते हैं।
चुपके से ब्लैक मार्केट से टूथब्रश और टूथपेस्ट खरीद लेती है
मैलेस एंजिन से बड़ी-बड़ी चीजें खरीदने में सफल हो जाती है और एंजिन उस युवती की ओर आकर्षित होने लगती है। यहां K**s के बदले थप्पड़ से लिया जाता है और अंजिन उसके थप्पड़ों का आनंद लेने लगती है। मैलेस भी उसकी भावनाओं को समझती है और एंजिन को और आकर्षित के लिए तमाम खतरे के बावजूद, चुपके से ब्लैक मार्केट से टूथब्रश और टूथपेस्ट खरीद लेती है। वहीं, बाथरूम में, पेटुलेंटे मैलेस को दांत साफ करते हुए सुन लेता है, जो एक बेहद संदिग्ध और वर्जित गतिविधि मानी जाती है।
एक चट्टान से नीचे फेंककर मौत की सजा
एक महिला को डिपार्टमेंट स्टोर में अपने अनिच्छुक पति को चूमने की बेताब कोशिश करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया जाता है। इसके बाद उसे बांधकर, मुंह बंद करके, एक गत्ते के डिब्बे में डालकर एक चट्टान से नीचे फेंककर मौत की सजा दी जाती है। एंजीन इस खतरे से वाकिफ है, क्योंकि उसका पति इन डिब्बों का डिजाइनर है। हालांकि, इसके बाद कहानी में बड़ा ट्विस्ट है।
ऑस्कर लेते हुए सिंह ने कहा
ऑस्कर लेते हुए सिंह ने एकेडमी को 'एक फ्रांसीसी-भारतीय ब्रिटिश, एक रोमानियाई-अमेरिकी, एक अर्जेंटीनाई और एक इतालवी द्वारा बनाई गई फ्रांसीसी फिल्म को अवॉर्ड देने के लिए धन्यवाद कहा।अपनी इस फिल्म पर कॉमेंट करते हुए उन्होंने कहा, 'इसीलिए हम फिल्में बनाते हैं। क्योंकि हमारा मानना है कि कला लोगों की आत्माओं को बदल सकती है। हो सकता है इसमें 10 साल लगें लेकिन हम कला, क्रिएटिविटी, रंगमंच और बैले के जरिए समाज को बदल सकते हैं। और सिनेमा के माध्यम से भी।'
शुरू में सामान का भुगतान थप्पड़ की थी कहानी
उन्होंने कहा कि यह शॉर्ट फिल्म, जिसे फ्रांस के लग्जरी डिपार्टमेंट स्टोर गैलरीज़ लाफायेट में फिल्माया जाना था, शुरू में इस विचार पर आधारित थी कि सामान का भुगतान नकद में करने के बजाय, खरीदार को एक थप्पड़ मारा जाएगा। एक्टर से फिल्म निर्माता बने सिंह ने बाद में ईरान में महिला आंदोलन से प्रेरित होकर इसमें एक नई परत जोड़ दी। मुस्तियाता ने एक मैगजीन से बातचीत में कहा था, 'रोजाना हमसे इतनी सारी नागरिक स्वतंत्रताएं छीनी जा रही हैं, इसलिए मैंने यह दूसरा नियम सुझाया कि लोगों को K**s की अनुमति नहीं है।
इंटरनैशनल लेवल पर फेमस विजुअल आर्टिस्ट
बता दें कि सिंह इंटरनैशनल लेवल पर फेमस विजुअल आर्टिस्ट हैं, जिनका जन्म बोर्डो, फ्रांस में भारतीय और फ्रांसीसी माता-पिता के घर हुआ था। उनका पालन-पोषण मैनचेस्टर, यूके में हुआ। एक एक्टर के रूप में वे लेखन, कोलाज, इंस्टॉलेशन और परफॉर्मेंस जैसी तमाम कलाओं से वाकिफ हैं। उनके रचनाएं कई पर्सनल और पब्लिक कलेक्शन में प्रदर्शित हैं, जिनमें म्यूजियम ऑफ मॉडर्न आर्ट, न्यूयॉर्क; सोलोमन आर. गुगेनहाइम म्यूज़ियम, न्यूयॉर्क और सेंटर नेशनल डेस आर्ट्स प्लास्टिक्स, पेरिस आदि शामिल हैं।
98वें एकेडमी अवॉर्ड्स समारोह में लॉस एंजेलिस के प्रतिष्ठित डॉल्बी थिएटर में दुनिया भर के कलाकारों की मेहनत और प्रतिभा को सम्मानित किया गया। इस समारोह में 16 नॉमिनेशंस के…
मशहूर निर्देशक डेविड धवन ने लंबे समय के बाद फिल्म 'है जवानी तो इश्क होना है' से निर्देशन में वापसी की है। रोमांटिक-कॉमेडी ड्रामा फिल्म में वरुण धवन के साथ…
फिल्म विद्वान इरा भास्कर ने हाल ही में समकालीन भारतीय सिनेमा की राजनीति पर चर्चा के दौरान आदित्य धर की फिल्म 'धुरंधर' की आलोचना की, जो एक्ट्रेस स्वरा भास्कर की…
शाहिद कपूर की हालिया रिलीज फिल्म 'ओ रोमियो' ने दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई और अब दूसरी मूवी 'कॉकटेल-2' दस्तक देने के लिए तैयार है। शुक्रवार, 13 मार्च…
भारतीय सिनेमा के कॉमेडी के उस्ताद अब कॉमेडी से डरने लगे हैं। कॉमेडी फिल्मों की बात करें तो प्रियदर्शन की बराबरी कर पाना किसी के लिए भी मुश्किल है। चार…
सिंगर-रैपर बादशाह की मुश्किलें कम होने का नाम नही ले रही हैं। अब तो उनकी गिरफ्तारी के भी आदेश आ गए हैं। हरियाणवी गाने 'टटीरी' को लेकर उनके खिलाफ कार्रवाई…
अनुराग डोभाल के मैनेजर ने खुलासा किया है कि यूट्यूबर की हालत गंभीर है। हाल ही में, मैनेजर ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरीज पर बताया कि यूके07 राइडर पहले ठीक थे,…