होर्मुज की नाकेबंदी से दुनिया पर क्या असर?
आपको बता दें कि दुनिया का लगभग 20% तेल और 20% एलएनजी (LNG) इसी रास्ते से गुजरता है। इसीलिए ये काफी अहम व्यापारिक मार्ग है। ईरान युद्ध शुरू होने के बाद से ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल के पार जा चुका है। आशंका जताई जा रही है कि अगर यह लंबे समय तक बंद रहा तो तेल 200 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकता है। इसके अलावा कतर दुनिया का सबसे बड़ा LNG निर्यातक है और उसका सारा माल इसी रास्ते से निकलता है। इसके बंद होने से यूरोप और एशिया में स्थिति तेजी से बिगड़ने लगी है।
